Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    ‘वाटरगेट’ के नायक बटरफील्ड का निधन:इनके विस्फोटक सच ने अमेरिकी राष्ट्रपति निक्सन की कुर्सी हिला दी थी; पहली बार किसी राष्ट्रपति को देना पड़ा था इस्तीफा

    9 hours ago

    पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति रिचर्ड निक्सन की सत्ता गिराने में अहम रोल निभाने वाले वाइट हाउस के पूर्व अधिकारी (डिप्टी असिस्टेंट टू द प्रेसिडेंट) अलेक्जेंडर बटरफील्ड का 99 की उम्र में निधन हो गया। उन्होंने 1973 में अमेरिकी सीनेट के सामने गवाही देते हुए ‘वाटरगेट जासूसी कांड’ का खुलासा किया और बताया कि वाइट हाउस में बातचीत रिकॉर्ड करने वाला गुप्त टेप सिस्टम मौजूद है। दरअसल, 1972 में वाटरगेट कॉम्प्लेक्स में डेमोक्रेटिक नेशनल कमेटी में जासूसी करते 5 लोग पकड़े गए। इनके संबंध निक्सन की पार्टी से जुड़े थे। दबाव बढ़ने पर 1974 में निक्सन को इस्तीफा देना पड़ा। ऐसा करने वाले वह पहले अमेरिकी राष्ट्रपति बने। पढ़िए अलेक्जेंडर की गवाही की वो कहानी... 2 साल से चल रही रिकॉर्डिंग में जासूसी छिपाने की बातें भी दर्ज जांच में जब राष्ट्रपति के खिलाफ ठोस सबूत नहीं मिल रहे थे, तभी बटरफील्ड की गवाही ने मामला पलट दिया। सीनेट के वकील ने पूछा कि क्या ओवल ऑफिस में रिकॉर्डिंग डिवाइस है। बटरफील्ड ने जवाब दिया, ‘हां, वहां टेप मौजूद है।’ उन्होंने बताया कि निक्सन के आदेश पर लगातार टेप दो साल से ओवल ऑफिस समेत अन्य जगहों पर सभी बातचीत व फोन कॉल रिकॉर्ड करता था। यह आवाज से सक्रिय होकर राष्ट्रपति, सहयोगियों, कांग्रेस नेताओं की बात सहेजकर रखता था। इसमें जासूसी छिपाने से जुड़ी बातें भी दर्ज थीं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश से खुले टेप, महाभियोग के डर से दिया इस्तीफा घटना के बाद अमेरिकी राजनीति में तूफान सा आ गया। मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर जब ये टेप सार्वजनिक हुए, तो निक्सन बेनकाब हो गए। स्थिति महाभियोग तक पहुंचती उससे पहले ही डर से निक्सन ने इस्तीफा दे दिया। बटरफील्ड निक्सन के चीफ ऑफ स्टाफ के पुराने दोस्त थे। उन्होंने ही वाइट हाउस में सीक्रेट सर्विस के साथ मिलकर यह रिकॉर्डिंग सिस्टम लगवाया था। बटरफील्ड ने बाद में माना कि उन्होंने भारी मन से गवाही दी, लेकिन वे राष्ट्रपति के झूठ के साथ नहीं रह सकते थे। निक्सन के विदाई भाषण पर उन्होंने कहा था ‘इंसाफ की जीत हुई है, मैं भीतर से इस बात को लेकर बेहद खुश था।’ बतौर पायलट युद्ध में दुश्मन की मिसाइल से बचे थे बटरफील्ड बटरफील्ड का जन्म 6 अप्रैल 1926 को फ्लोरिडा में हुआ था। वाइट हाउस जाने से पहले वह अमेरिकी एयरफोर्स में पायलट थे। वे 21 साल तक सेवाएं दे चुके थे। 1955 में वियतनाम युद्ध के दौरान उन्होंने कई खतरनाक मिशनों को अंजाम दिया। उस दौरान 98 कॉम्बैट मिशन उड़ाए। उन्हें वायु सेना का सर्वोच्च सम्मान ‘डिस्टिंग्विश्ड फ्लाइंग क्रॉस’ मिला था। एक बार उनका विमान लगभग दुश्मन की मिसाइल की जद में आ गया था, लेकिन उनकी सूझबूझ ने उन्हें बचा लिया था। यही नहीं राष्ट्रपति रहते निक्सन के पास तीन कुत्ते थे। जिनकी देखभाल की जिम्मेदारी भी बटरफील्ड को दी गई थी।
    Click here to Read More
    Previous Article
    Gold Prices Remain On The Rise (March 11), Check 22K & 24K Rates Per Gram In Cities
    Next Article
    Gemini AI Is Coming To Chrome: Here’s How Your Everyday Google Searches Will Change

    Related दुनिया Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment