Search

    Language Settings
    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policy, and Terms of Service.

    ईरान-इजराइल तनाव से चीन को झटका:मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग; चीन के 8 लाख करोड़ दांव पर, डिसेलिनेशन से लेकर टेक प्रोजेक्ट्स तक सब खतरे में

    12 hours ago

    मिडिल ईस्ट में चल रहा युद्ध चीन के लिए‎ खतरनाक साबित हो सकता है। दरअसल चीन ने‎ मिडिल ईस्ट में भारी निवेश किया हुआ है। साथ ‎ही ये क्षेत्र उसके इस्पात, इलेक्ट्रिक वाहनों और सौर पैनलों के लिए बड़ा बाजार है।‎ ईरान के रूप में चीन को तेल का सस्ता स्रोत‎ मिला था। पूरे क्षेत्र में उसे ऐसी सरकारें भी मिलीं,‎जो नवीकरणीय ऊर्जा और प्रौद्योगिकी में चीन से‎ सीखने के लिए उत्सुक थीं। इन्हीं सब के बीच‎ चीन तेल और गैस‎ के लिए मध्य पूर्व की आपूर्ति‎ पर निर्भर हो गया। जब ‎पिछले साल अमेरिका से ‎चीन की व्यापारिक प्रतिद्वंद्विता बढ़ी तो वह अमेरिकी‎ बाजार में अपने कई सामान बेचने में असमर्थ रहा,‎ जो कभी चीन का सबसे बड़ा बाजार था। इसके‎ बाद चीन के लिए मिडिल ईस्ट का महत्व और भी‎ अधिक स्पष्ट हो गया था।‎ संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) चीनी कारों के‎ लिए सबसे तेजी से बढ़ता बाजार बन गया।‎ सऊदी अरब और उसके पड़ोसी देशों की ओर से ‎चीनी स्टील की मांग दोगुनी हो गई। 2025 में‎ मिडिल ईस्ट को चीन का निर्यात बाकी दुनिया के ‎‎निर्यात की तुलना में लगभग दोगुनी तेजी से बढ़ा ‎है। लेकिन अब ये खतरे में है।‎ मध्य पूर्व में चीन के गहरे वित्तीय संबंधों के ‎‎बावजूद उसे जोखिमों का सामना करना पड़ रहा‎ है। चीन ने जल्द लड़ाई बंद करने का आह्वान किया ‎है। ईरानी धमकियों के कारण होर्मुज स्ट्रेट से ‎‎आवाजाही कम हो गई है। चीनी शिपिंग कोस्को ने ‎इस क्षेत्र के माध्यम से बुकिंग बंद कर दी है।‎ चीनी निवेश मिडिल ईस्ट में दुनिया में कहीं‎ और की तुलना में तेजी से बढ़ रहा है। यूरेसिया ग्रुप‎ में चीन की निदेशक डैन वांग कहा कि 2019 से ‎‎2024 तक चीन ने मध्य पूर्व में सीधे 89‎ बिलियन डॉलर यानी करीब 8 लाख करोड़ रुपए‎ का निवेश किया। ये व्यापारिक संबंध अब निशाने‎ पर हैं क्योंकि अमेरिकी और इजरायली सेनाएं ईरान‎ पर हमला कर रही हैं और ईरान पूरे क्षेत्र में‎ बंदरगाहों, जहाजों, पाइपलाइनों, डिसेलिनेशन ‎संयंत्रों, डेटा केंद्रों पर जवाबी हमला कर रहा है।‎ विलियम एंड मैरी रिसर्च इंस्टीट्यूट एडडेटा के‎ अनुसार 2023 में मिडिल ईस्ट में चीन का ऋण‎ और अनुदान दोगुना होकर वैश्विक पोर्टफोलियो‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎‎ का 10% हो गया। चीन ईरानी तेल का मुख्य‎ खरीदार है। वह तीन प्रमुख कच्चे तेल की ‎पाइपलाइनों का भी संचालन करता है, जिनमें से‎ दो रूस और कजाकिस्तान से तेल का परिवहन‎ करती हैं। फिर भी ईरानी आपूर्ति के नुकसान से‎ चीन को अन्य स्रोत खोजने के लिए मजबूर होना‎ पड़ेगा। खोज पूरी हो भी जाएगी लेकिन कीमत‎ तेहरान से खरीदे गए रियायती तेल की तुलना में‎ बहुत अधिक होगी। तनाव से कंपनियों का काम थमा‎ मिडिल ईस्ट में कई चीनी कंपनियों ने‎ कर्मचारियों को घर से काम करने को कहा।‎ 1 मार्च को दिग्गज टेक कंपनी बाइडू ने‎यूएई में रोबोटैक्सी सेवाओं को रोकने की‎ बात कही। चीनी फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म ‎कीटा ने भी संकेत दिया है कि क्षेत्र में‎ सेवाएं निलंबित या सीमित हो सकती हैं।‎ इजराइल और यूएई में पोर्ट‎संचालित कर रहा है चीन कतर में चीनी बैंक तरलीकृत प्राकृतिक गैस‎(LNG) उत्पादन सुविधा के बड़े विस्तार को फंड ‎दे रहे हैं। चीनी सरकारी तेल कंपनी सिनोपेक की‎ इसके नॉर्थ फील्ड ईस्ट विस्तार प्रोजेक्ट में‎ हिस्सेदारी है। चीनी निवेशकों ने इजराइल के हाइफा‎पोर्ट और अमीरात के खलीफा पोर्ट को भी फंडिंग‎दी है। कई टर्मिनल चीनी कंपनियों के स्वामित्व में हैं‎ और उनके द्वारा संचालित हैं।‎‎ क्षेत्र में डिसेलिनेशन प्लांट में ‎चीन सबसे बड़ा निवेशक‎ ईरान में चीनी कंपनियों ने इंफ्रास्ट्रक्चर, इलेक्ट्रिक‎ग्रिड और पेट्रोकेमिकल संयंत्र बनाए हैं‎। चीन क्षेत्र में ‎डिसेलिनेशन में सबसे बड़ा निवेशक भी है। पावर‎ कंस्ट्रक्शन कॉरपोरेशन ऑफ चाइना ने सऊदी‎ अरब, यूएई, ओमान और इराक में परियोजनाएं‎‎ बनाई हैं। हुआवे, अलीबाबा, टेनसेंट जैसी प्रमुख‎ चीनी टेक कंपनियों के दुबई में ऑफिस हैं।‎
    Click here to Read More
    Previous Article
    'पापा आज ट्रॉफी हाथ में है, आप साथ नहीं हो':क्रिकेटर रिंकू सिंह पिता को याद कर भावुक, मंगेतर प्रिया बोलीं- चैंपियन बनकर निकले
    Next Article
    जम्मू-कश्मीर के नौशेरा में एक आतंकी मारा गया:सेना को दो आतंकियों की घुसपैठ की जानकारी मिली थी, दूसरे की तलाश जारी

    Related दुनिया Updates:

    Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

    Comments (0)

      Leave a comment