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    अफगानिस्तान का पाकिस्तान पर जवाबी हमला:खैबर पख्तूनख्वा में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया; इस्लामाबाद एयरपोर्ट बंद, कई फ्लाइट्स डायवर्ट

    17 hours ago

    अफगानिस्तान के रक्षा मंत्रालय ने दावा किया है कि अफगान वायुसेना ने शुक्रवार को पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा में हवाई हमला किया। मंत्रालय के मुताबिक यह कार्रवाई पाकिस्तानी सेना की बीती रात किए गए हमलों के जवाब में की गई। रक्षा मंत्रालय ने सोशल मीडिया पर जारी बयान में कहा कि कोहाट क्षेत्र में पाकिस्तानी सैन्य ठिकानों को टारगेट किया गया। साथ ही सैन्य किले को भी निशाना बनाया गया। हालांकि हमले से किसी के मारे जाने या घायल होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। इस्लामाबाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है। रिपोर्ट्स के मुतबाकि एयरपोर्ट पर आने और जाने वाली सभी उड़ानों को फिलहाल रोक दिया गया है। कई फ्लाइट्स को डायवर्ट किया गया है। दरअसल, पाकिस्तान ने गुरुवार रात अफगानिस्तान की राजधानी काबूल और कंधार में हवाई हमले किए थे। तालिबानी अधिकारियों के मुताबिक, हमले में 6 लोगों की मौत और 15 घायल हुए हैं। इसमें महिलाएं और बच्चे शामिल है। साथ ही कई घरों को भी नुकसान पहुंचा है। पाकिस्तान ने अफगान के फ्यूल डिपो पर हमला किया था तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद के मुताबिक, पाकिस्तान ने प्राइवेट एयरलाइन 'काम एयर' के फ्यूल डिपो पर हमला किया था, जो सिविलियन विमानों और UN के विमानों को भी फ्यूल सप्लाई करता है। उन्होंने चेतावनी दी कि इस हमले का जवाब दिया जाएगा। वहीं, पाकिस्तानी सुरक्षा अधिकारियों ने रॉयटर्स को बताया कि यह कार्रवाई पाकिस्तानी तालिबान (TTP) के ठिकानों पर की गई है। हाल के महीनों में देश में बढ़ते आतंकी हमलों के बाद यह ऑपरेशन शुरू किया गया। अफगान हमले से जुड़ी तस्वीरें… पाकिस्तान ने तालिबान नेताओं के गढ़ को निशाना बनाया तालिबान सरकार के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर कहा कि पाकिस्तानी हमले कंधार और पक्तिका प्रांतों में भी किए गए। कंधार तालिबान नेताओं का गढ़ माना जाता है। वहीं, तालिबान सरकार ने पाकिस्तान के आरोपों को खारिज कर दिया है। उसका कहना है कि अफगानिस्तान की जमीन का इस्तेमाल किसी भी देश के खिलाफ हमलों के लिए नहीं होने दिया जाएगा। दरअसल, पाकिस्तान लंबे समय से अफगानिस्तान की तालिबान सरकार पर दबाव बनाता रहा है कि वह अपनी जमीन का इस्तेमाल किसी भी आतंकी संगठन को न करने दे। इस्लामाबाद का आरोप है कि TTP अफगानिस्तान से ऑपरेट हो रहा है, जबकि तालिबान सरकार इन आरोपों से लगातार इनकार करती रही है। पाकिस्तान-अफगानिस्तान के बीच जंग जैसे हालात पाकिस्तान और अफगानिस्तान में संघर्ष की शुरुआत 22 फरवरी को हुई थी। पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के सीमावर्ती इलाकों में एयरस्ट्राइक की थी। पाकिस्तान के उप गृह मंत्री तलाल चौधरी ने दावा किया था कि सीमावर्ती इलाकों में TTP के ठिकानों पर कार्रवाई में कम से कम 70 लड़ाके मारे गए। बाद में पाकिस्तानी अखबार डॉन ने यह संख्या 80 तक पहुंचने का दावा किया था। इसके जवाब में अफगानिस्तान ने 27 फरवरी को पाकिस्तान पर हमला किया। अफगान रक्षा मंत्रालय ने कहा था कि पाकिस्तान को 'सही समय पर कड़ा जवाब' दिया जाएगा। मंत्रालय ने इन हमलों को देश की संप्रभुता का उल्लंघन बताया था। पाकिस्तान लंबे समय से अफगानिस्तान की तालिबान सरकार पर दबाव बनाता रहा है कि वह अपनी जमीन का इस्तेमाल किसी भी आतंकी संगठन को न करने दे। इस्लामाबाद का आरोप है कि TTP अफगानिस्तान से ऑपरेट हो रहा है, जबकि तालिबान सरकार इन आरोपों से लगातार इनकार करती रही है। पाकिस्तान ने अफगानिस्तान में 415 तालिबान लड़ाके मारे पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के खिलाफ हमले को ‘गजब लिल हक’ ऑपरेशन नाम दिया था और काबुल समेत कई प्रांतों में हमले किए। ‘गजब लिल हक’ का मतलब है, अपने हक के लिए खड़े होना। पाकिस्तान के सूचना मंत्री अत्ता उल्लाह तारर के मुताबिक अब तक - पाकिस्तानी वायुसेना ने दावा किया था कि उसने नंगरहार और कंधार में तालिबान के सैन्य मुख्यालयों को निशाना बनाया। वहीं तालिबान का कहना है कि उसके सिर्फ 8 से 13 लड़ाके मारे गए और कुछ घायल हुए। उसने दावा किया था कि 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और दो सैन्य मुख्यालयों समेत कई चौकियों पर कब्जा किया गया। 1 लाख लोग घर छोड़ने को मजबूर हुए पिछले कुछ हफ्तों में अफगान और पाकिस्तानी सुरक्षा बलों के बीच सीमा पर कई बार झड़पें हो चुकी हैं। संयुक्त राष्ट्र के अफगानिस्तान मिशन (UNAMA) के अनुसार 26 फरवरी से 5 मार्च के बीच पाकिस्तान की सैन्य कार्रवाइयों में 56 नागरिक मारे गए हैं। इनमें 24 बच्चे भी शामिल हैं। संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी के मुताबिक इन हमलों के कारण करीब 1.15 लाख लोग अपने घर छोड़कर सुरक्षित जगहों पर जाने को मजबूर हुए हैं। पाकिस्तान और TTP में लड़ाई क्यों? ग्लोबल टेररिज्म इंडेक्स में पाकिस्तान दूसरे नंबर पर दोनों देशों के बीच पहले भी हुआ है तनाव अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच डूरंड लाइन को लेकर लंबे समय से विवाद है। दोनों देश एक-दूसरे पर हमले और आतंकियों को छिपाने का आरोप लगाते रहते हैं। 2021 में अफगानिस्तान हुकूमत पर तालिबान के कंट्रोल के बाद से तनाव और बढ़ गया है। -------------------- यह खबर भी पढ़ें… पाकिस्तान-अफगानिस्तान में जंग के हालात:PAK बोला- 274 अफगान लड़ाके मारे, 400 से ज्यादा घायल, तालिबान हमलों के पीछे भारत पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच हालात जंग जैसे हो गए हैं। पाकिस्तान एयरफोर्स ने अफगानिस्तान के कई इलाकों में फिर से एयरस्ट्राइक की है। वहीं तालिबान ने दावा किया है कि उसने इस्लामाबाद के फैजाबाद सैन्य ठिकाने समेत कई अहम ठिकानों को निशाना बनाया। पढ़ें पूरी खबर…
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